अहमदाबाद विमान हादसे की शुरुआती जांच रिपोर्ट आई सामने, मंत्री बोले – जांच जारी है, अंतिम निष्कर्ष का इंतजार करें

12 जून को अहमदाबाद में हुए दर्दनाक विमान हादसे ने पूरे देश को हिला कर रख दिया था। इस हादसे में 260 लोगों की जान चली गई थी। मृतकों में 229 यात्री, 12 क्रू सदस्य और 19 जमीन पर मौजूद लोग शामिल थे। अब इस हादसे के ठीक एक महीने बाद शनिवार को एयरक्राफ्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (AAIB) ने अपनी प्रारंभिक रिपोर्ट जारी की है।
इस रिपोर्ट में हादसे की कुछ शुरुआती जानकारियां सामने आई हैं, लेकिन अंतिम निष्कर्ष अब भी आना बाकी है। इसी पर केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू ने प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने साफ कहा कि यह सिर्फ एक शुरुआती रिपोर्ट है, और जब तक अंतिम रिपोर्ट नहीं आती, कोई पक्की बात नहीं कही जा सकती।
मंत्री नायडू ने कहा, “AAIB एक स्वतंत्र जांच एजेंसी है और हम उन्हें पूरा सहयोग दे रहे हैं। जो रिपोर्ट आई है, वो शुरुआती जांच का हिस्सा है और हम इसकी हर बारीकी से समीक्षा कर रहे हैं।” उन्होंने यह भी दोहराया कि सरकार हादसे की हर एक कड़ी की गंभीरता से जांच कर रही है, ताकि भविष्य में ऐसी किसी घटना को रोका जा सके।
मंत्री राम मोहन नायडू ने इस मौके पर देश के पायलटों और एयरक्रू की तारीफ भी की। उन्होंने कहा, “हमारे पास दुनिया के सबसे बेहतरीन पायलट और क्रू हैं। यही हमारी एविएशन इंडस्ट्री की रीढ़ हैं। उनकी कड़ी मेहनत और समर्पण पर हमें गर्व है।” साथ ही उन्होंने भरोसा दिलाया कि सुरक्षा के मामले में सरकार कोई समझौता नहीं करेगी। राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल ने भी रिपोर्ट पर बयान दिया। उन्होंने कहा, “यह केवल प्रारंभिक रिपोर्ट है, फाइनल नहीं। AAIB स्वतंत्र रूप से काम करता है और मंत्रालय उनके काम में दखल नहीं देता। जब तक सभी तथ्यों की पुष्टि नहीं हो जाती, तब तक किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाज़ी होगी।”
वहीं, भाजपा नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री शाहनवाज हुसैन ने भी रिपोर्ट पर अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, “यह रिपोर्ट चौंकाने वाली है। इसमें साफ कहा गया है कि हादसे के वक्त विमान के इंजन तक ईंधन नहीं पहुंच रहा था। यह बेहद गंभीर बात है और इससे यह साफ होता है कि इस हादसे की कई स्तरों पर जांच होनी चाहिए।” इस पूरे मामले में जहां एक ओर सरकार जांच को गंभीरता से ले रही है, वहीं देश भर के लोग भी सच्चाई जानने का इंतजार कर रहे हैं। 260 मासूमों की जान जाने का जवाब चाहिए—और वो जवाब अब AAIB की अंतिम रिपोर्ट से ही सामने आएगा।
फिलहाल, मंत्रालय और जांच एजेंसियां अपने काम में जुटी हैं। उम्मीद की जा रही है कि अंतिम रिपोर्ट जल्द आएगी और उसके आधार पर जिम्मेदारों पर कार्रवाई भी होगी। देश यह चाहता है कि फिर कभी ऐसा हादसा ना हो।





