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‘पीएम मोदी पर बनी बीबीसी डॉक्यूमेंट्री एक दुष्प्रचार’, विदेश मंत्रालय ने कहा ‘यह एक प्रोपोगेंडा पीस है’

‘पीएम मोदी पर बनी बीबीसी डॉक्यूमेंट्री एक दुष्प्रचार’, विदेश मंत्रालय ने कहा ‘यह एक प्रोपोगेंडा पीस है’

 

ब्रिटिश ब्रॉडकास्टिंग कॉर्पोरेशन (BBC) ने गुजरात दंगों को लेकर प्रधानमंत्री मोदी पर आधारित एक डॉक्‍यूमेंट्री बनाई है। इसी को लेकर आज केंद्र सरकार ने गुरुवार को प्रतिक्रिया दी है। आज विदेश मंत्रालय ने इसे लेकर एक प्रेस वार्ता की। इस दौरान मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि हमें लगता है कि यह एक प्रोपोगेंडा पीस है। इसकी कोई वस्तुनिष्ठता नहीं है, यह पक्षपातपूर्ण है। ध्यान दें कि इसे भारत में प्रदर्शित नहीं किया गया है।

 

उन्होंने इसे पक्षपातपूर्ण बताते हुए कहा कि ‘ध्यान दें कि इसे भारत में प्रदर्शित नहीं किया गया है। उन्होंने कहा कि हम जानते हैं कि हाल ही में ऑस्ट्रेलिया में कुछ मंदिरों को तोड़ा गया है। हम इसकी कड़ी निंदा करते हैं। इसकी ऑस्ट्रेलियाई नेताओं, समुदाय के नेताओं और वहां के धार्मिक संगठनों द्वारा भी सार्वजनिक रूप से निंदा की गई है।

मेलबर्न में हमारे महावाणिज्य दूतावास ने मामले को स्थानीय पुलिस के समक्ष उठाया है। हमने अपराधियों के खिलाफ शीघ्र जांच और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के उपायों का अनुरोध किया है। इस मामले को ऑस्ट्रेलियाई सरकार के साथ भी उठाया गया है और हम इसके लिए तत्पर हैं।

बता दें कि BBC ने 17 जनवरी को द मोदी क्वेश्चन डॉक्यूमेंट्री का पहला एपिसोड यूट्यूब पर रिलीज किया था। दूसरा एपिसोड 24 जनवरी को रिलीज होना था। इससे पहले ही केंद्र ने पहले एपिसोड को यूट्यूब से हटा दिया। पहले एपिसोड के डिस्क्रिप्शन में लिखा था कि ये डॉक्यूमेंट्री भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भारत के मुस्लिम अल्पसंख्यक के बीच तनाव पर नजर डालती है। गुजरात में 2002 में हुए दंगों में नरेंद्र मोदी की भूमिका के दावों की जांच करती है।

 

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न्यूज़ मोबाइल ब्यूरो

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