लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव खारिज, अमित शाह ने विपक्ष पर साधा निशाना

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने लोकसभा में स्पीकर के खिलाफ लाए गए अविश्वास प्रस्ताव का बचाव करते हुए विपक्ष पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि ओम बिरला के खिलाफ यह प्रस्ताव लाना संसद की गरिमा को कम करने वाला कदम है।
दो दिन तक चली बहस के दौरान अमित शाह ने कहा कि स्पीकर सदन के निष्पक्ष अध्यक्ष होते हैं और उनकी कुर्सी का सम्मान किया जाना चाहिए। उन्होंने यह भी बताया कि 18वीं लोकसभा में विपक्षी सांसदों को बोलने के लिए 175 घंटे से ज्यादा समय दिया गया है, इसलिए यह कहना सही नहीं है कि उनकी आवाज दबाई जा रही है।
अमित शाह ने विपक्ष के नेता राहुल गांधी की भागीदारी पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि स्पीकर के पास सदन की कार्यवाही से कुछ टिप्पणियां हटाने का अधिकार होता है और यह संसद के नियमों के तहत ही किया जाता है। सरकार की ओर से यह भी बताया गया कि 118 सांसदों द्वारा हस्ताक्षरित अविश्वास प्रस्ताव में कुछ तकनीकी गलतियां भी थीं, जैसे इसमें साल 2026 की जगह 2025 लिखा गया था।
दो दिन की बहस के बाद स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ लाया गया अविश्वास प्रस्ताव वॉइस वोट से खारिज हो गया। इसके बाद सदन की कार्यवाही आगे बढ़ी और 2025-26 के बजट से जुड़े प्रस्तावों पर चर्चा और मतदान किया गया। हालांकि पूरे सत्र के दौरान माहौल काफी गर्म रहा और सरकार ने सदन में नियमों और मर्यादा बनाए रखने पर जोर दिया।





