बांग्लादेश में चुनाव से ठीक पहले एक और हिंदू युवक की निर्मम हत्या

नई दिल्ली/ढाका: बांग्लादेश में लोकतंत्र के लिए एक अहम दिन है, जहां देश के करोड़ों लोग अपने लिए नई सरकार चुनने वाले हैं. लेकिन इसी बीच वहां एक और हिंदू की निर्मम हत्या से यह सवाल उठ रहा है कि जब चुनाव के दौरान अल्पसंख्यकों की सुरक्षा नहीं हो पा रही है, तो वहां उनका भविष्य कैसा होगा?
पिछले कुछ समय से बांग्लादेश में जिस तरह से हिंदुओं पर अत्याचार हो रहे हैं, वो चिंताजनक हैं. अब चुनाव से ठीक पहले 28 वर्षीय रतन साहूकार नाम के एक हिंदू युवक की हत्या कर उसका शव चाय के बागान में फेंक दिया गया.
बेहद क्रूरता से की गई हत्या
रतन साहूकार की हत्या बेहद निर्ममता से की गई है. जब उसका शव बरामद हुआ, तो उसके हाथ-पांव रस्सी से बंधे हुए थे और शरीर पर गहरे जख्मों के निशान थे. बुधवार सुबह करीब 10 बजे चम्पारा के चाय बागानों में रतन का शव बरामद किया गया. उस समय भी उसके घावों से खून बह रहा था.
रतन इन्हीं चाय के बागानों में काम करता था जहां उसका शव मिला है. उसके सहकर्मियों का कहना है कि यह आपसी रंजिश या चुनावी हिंसा का मामला हो सकता है.
प्रताड़ित करने के बाद की गई हत्या
स्थानीय रिपोर्ट्स के मुताबिक, रतन साहूकार रोज की तरह ही काम पर गया था लेकिन वापस नहीं लौटा. बुधवार की सुबह चम्पारा के चाय बागान में उसके साथियों को वह मृत अवस्था में मिला. उसका शव जिस तरह खून से सना हुआ मिला, उससे साफ पता चलता है कि मारने से पहले उसे प्रताड़ित किया गया था.
चश्मदीदों और रतन के साथ काम करने वालों के अनुसार, उसके शरीर पर धारदार हथियारों से वार किए गए थे, इसलिए उसके शरीर पर घाव काफी गहरे हैं. उन्होंने मौके पर ही दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है.
फिलहाल पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है.





