झारखंड भर्ती परीक्षा विवाद: छात्रों के समर्थन में उतरीं सोनाक्षी सिन्हा, निष्पक्ष जांच की उठी मांग

झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों को लेकर चल रहे छात्र आंदोलन को अब बॉलीवुड अभिनेत्री सोनाक्षी सिन्हा का भी समर्थन मिला है। उन्होंने सोशल मीडिया के जरिए छात्रों की चिंता जताते हुए कहा कि देश के छात्रों को इस तरह की स्थिति का सामना करना पड़ रहा है, यह बेहद दुखद है।
सोनाक्षी ने क्या कहा?
सोनाक्षी सिन्हा ने अपने इंस्टाग्राम स्टोरी पर एक वीडियो साझा किया, जिसमें झारखंड में चल रहे छात्र आंदोलन का जिक्र किया गया था। इसके साथ उन्होंने लिखा, “यह देखकर बहुत दुख होता है कि हमारे देश के छात्रों को इस तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है… आखिर यह कब रुकेगा?”
क्या है पूरा मामला?
झारखंड में छात्र 29 जुलाई से रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे हैं। उनका आरोप है कि JPSC और JSSC की भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ियां हुई हैं। छात्रों का कहना है कि राज्य सरकार मामले की निष्पक्ष जांच कराने के बजाय इसे दबाने की कोशिश कर रही है।
छात्रों ने मामले की जांच सीबीआई (CBI) और प्रवर्तन निदेशालय (ED) जैसी केंद्रीय एजेंसियों से कराने की मांग की है। उनका कहना है कि उन्हें राज्य की सीआईडी जांच पर भरोसा नहीं है। छात्रों के मुताबिक, पहले JSSC-CGL पेपर लीक मामले में भी सीआईडी जांच में कई सवालों के जवाब परीक्षा से मेल खाने की बात सामने आई थी।
छात्रों की क्या हैं मांगें?
प्रदर्शन कर रहे छात्रों की मुख्य मांगें हैं:
- 19 अप्रैल को हुई 14वीं JPSC संयुक्त प्रारंभिक परीक्षा रद्द की जाए।
- भर्ती परीक्षा में कथित गड़बड़ियों की जांच CBI और ED से कराई जाए।
- OMR शीट में “Not Attempted” (प्रश्न नहीं किया) का पांचवां विकल्प जोड़ा जाए।
- दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
छात्रों का कहना है कि भर्ती प्रक्रिया में भ्रष्टाचार के कारण हजारों युवाओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है। उनका कहना है कि वे केवल योग्यता के आधार पर निष्पक्ष अवसर चाहते हैं।
सीजेपी ने भी किया समर्थन
इस बीच, सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने भी छात्रों के आंदोलन का समर्थन किया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर बताया कि उन्होंने आंदोलन कर रहे छात्रों से बात की है और उनकी संस्था झारखंड के छात्रों की मांगों के साथ खड़ी है।
प्रदर्शनकारी छात्रों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो वे झारखंड विधानसभा का घेराव करेंगे और आंदोलन को और तेज करेंगे।





