
नई दिल्ली: भारतीय रेलवे ने यात्रियों की सुविधा और सेवाओं में सुधार के लिए कई बड़े बदलावों की घोषणा की है। रेलवे मंत्री Ashwini Vaishnaw ने मंगलवार को बताया कि रेलवे जल्द ही पांच प्रमुख सुधार लागू करेगा, जिनका उद्देश्य पारदर्शिता बढ़ाना और संचालन को अधिक प्रभावी बनाना है।
रिफंड नियम में बड़ा बदलाव
नए नियम के तहत, यदि कोई यात्री ट्रेन के प्रस्थान से आठ घंटे के भीतर कन्फर्म टिकट रद्द करता है, तो उसे कोई रिफंड नहीं मिलेगा। रेलवे का मानना है कि इससे अंतिम समय में टिकट रद्द करने की प्रवृत्ति कम होगी और प्रतीक्षा सूची वाले यात्रियों को सीट मिलने की संभावना बढ़ेगी।
यात्रियों को मिलेगी अधिक सुविधा
रेलवे ने यात्रियों को अधिक लचीलापन देने के लिए नए प्रावधान भी किए हैं। अब यात्री ट्रेन के प्रस्थान से 30 मिनट पहले तक अपनी यात्रा श्रेणी (क्लास) अपग्रेड कर सकेंगे और बोर्डिंग स्टेशन बदल सकेंगे। पहले ये बदलाव केवल आरक्षण चार्ट बनने से पहले ही संभव थे।
फ्रेट और इंफ्रास्ट्रक्चर में सुधार
माल ढुलाई को बेहतर बनाने के लिए रेलवे नए सिंगल-डेक और डबल-डेक वैगनों की शुरुआत करेगा, जिससे नमक और ऑटोमोबाइल जैसे सामान की ढुलाई अधिक कुशल हो सकेगी। साथ ही, रेलवे निर्माण परियोजनाओं की गुणवत्ता सुधारने पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
रेलवे के ये सुधार यात्रियों के अनुभव को बेहतर बनाने, पारदर्शिता बढ़ाने और सेवाओं को अधिक कुशल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माने जा रहे हैं।





