भीड़ हिंसा से देश को अस्थिर करने की कोशिश: यूनुस सरकार की जनता से शांति की अपील

बांग्लादेश की अंतरिम सरकार, जिसका नेतृत्व नोबेल पुरस्कार विजेता प्रो. डॉ. मोहम्मद यूनुस कर रहे हैं, ने शुक्रवार (19 दिसंबर 2025) को देश में हुई हालिया हिंसा और पत्रकारों पर हमलों की कड़ी निंदा की है। सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे भीड़ की हिंसा से दूर रहें और देश को अस्थिर करने की कोशिश कर रहे कुछ असामाजिक तत्वों के मंसूबों को नाकाम करें।
शुक्रवार दोपहर जारी एक बयान में सरकार ने कहा कि वह हिंसा, डराने-धमकाने, आगजनी और संपत्ति को नुकसान पहुंचाने की सभी घटनाओं की सख्त और स्पष्ट रूप से निंदा करती है। सरकार ने कहा कि बांग्लादेश इस समय एक ऐतिहासिक लोकतांत्रिक बदलाव के दौर से गुजर रहा है और नफरत व अराजकता के जरिए इस प्रक्रिया को पटरी से उतरने नहीं दिया जा सकता।
आगामी चुनाव और जनमत संग्रह का जिक्र करते हुए सरकार ने कहा कि ये सिर्फ राजनीतिक गतिविधियां नहीं हैं, बल्कि देश के भविष्य से जुड़ी एक गंभीर राष्ट्रीय जिम्मेदारी हैं। बयान में कहा गया कि इन मूल्यों के लिए इनकिलाब मंच के प्रवक्ता शरीफ उस्मान हादी ने अपनी जान गंवाई थी और उनकी कुर्बानी का सम्मान तभी होगा, जब देश में संयम और शांति बनी रहे।
सरकार ने मीडिया के साथ एकजुटता जताते हुए कहा कि वह द डेली स्टार, प्रोथोम आलो और न्यू एज अखबारों के पत्रकारों और कर्मचारियों के साथ मजबूती से खड़ी है, जिनके दफ्तरों और स्टाफ पर हाल की हिंसा के दौरान हमले किए गए।
बयान में कहा गया, “आपने जो डर और हिंसा झेली है, उसके लिए हमें गहरा दुख है।” सरकार ने साफ किया कि पत्रकारों पर हमला सच पर हमला है और दोषियों को सख्त सजा दिलाई जाएगी।
सरकार ने मयमनसिंह में एक हिंदू व्यक्ति की पीट-पीटकर हत्या की भी कड़ी निंदा की। इसे जघन्य अपराध बताते हुए कहा गया कि ‘नए बांग्लादेश’ में इस तरह की हिंसा के लिए कोई जगह नहीं है और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
सरकार ने नागरिकों से शांति बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि लोग हिंसा, भड़कावे और नफरत को नकारें और लोकतंत्र, शांति और कानून के शासन के समर्थन में खड़े हों।
इससे पहले, मुख्य सलाहकार प्रो. मोहम्मद यूनुस ने प्रोथोम आलो और द डेली स्टार के दफ्तरों पर हुए हमलों के बाद दोनों अखबारों के संपादकों से फोन पर बात की। उन्होंने प्रोथोम आलो के संपादक मतीउर रहमान और द डेली स्टार के संपादक महफूज अनाम के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की।
प्रो. यूनुस ने कहा, “आपके संस्थानों और पत्रकारों पर हुआ यह अप्रत्याशित और शर्मनाक हमला मुझे बेहद पीड़ा पहुंचाता है। इस कठिन समय में सरकार पूरी मजबूती से आपके साथ खड़ी है।”





